July 6, 2026 11:43:41 pm

हड़कंप: पुरानी गंग नहर में जहरीली घास खाने से भैंसों की मौत, कई की हालत गंभीर,पशुओं के डॉक्टरों की टीम मौके पर ईलाज जारी

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हड़कंप: पुरानी गंग नहर में जहरीली घास खाने से भैंसों की मौत, कई की हालत गंभीर,पशुओं के डॉक्टरों की टीम मौके पर ईलाज जारी

पशुपालकों पर टूटा दुखों का पहाड़,परिवारों का रो-रोकर बुरा हाल,पशुपालन विभाग की टीम जाँच में जुटी

tahalka1news

धनौरी। हरिद्वार जनपद के धनौरी क्षेत्र में उस समय हड़कंप मच गया, जब पुरानी गंग नहर में चरने और नहाने गई कई भैंसें अचानक अचेत होकर गिर पड़ीं। घटना में प्रारंभिक जानकारी के अनुसार दो से तीन भैंसों की मौत हो गई, जबकि अन्य भैंसों का मौके पर उपचार किया जा रहा है। इस घटना से पशुपालकों में भारी दहशत का माहौल है और प्रभावित परिवारों का रो-रोकर बुरा हाल है।

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार धनौरी निवासी मेहवाड़ (स्थानीय निवासी) सहित अन्य पशुपालक रोजाना की तरह सुबह अपनी भैंसों को चराने और नहलाने के लिए पुरानी गंग नहर में लेकर पहुंचे थे। बताया जाता है कि यह नहर लंबे समय से बंद पड़ी है, जिसके कारण इसमें पानी का ठहराव बना रहता है और नहर के भीतर अलग-अलग प्रकार की घास, जलीय पौधे और झाड़ियां उग आई हैं। वर्षों से ग्रामीण अपने पशुओं को यहां चराते और नहलाते रहे हैं।

बताया जा रहा है कि जैसे ही भैंसों ने नहर के भीतर उगी घास खाई, कुछ ही देर बाद कई भैंसें अचानक लड़खड़ाकर गिर गईं और अचेत हो गईं। यह दृश्य देखकर पशुपालकों के होश उड़ गए। देखते ही देखते आसपास के ग्रामीण और राहगीरों की भारी भीड़ मौके पर जमा हो गई। सूचना मिलने पर पशुपालन विभाग के चिकित्सक तत्काल मौके पर पहुंचे और अचेत भैंसों का उपचार शुरू किया।

पशु चिकित्सकों ने प्रारंभिक आशंका जताई है कि नहर में उगी किसी जहरीली घास या विषैले जलीय पौधे के सेवन से यह घटना हुई हो सकती है। हालांकि मौत का वास्तविक कारण जांच और आवश्यक परीक्षणों के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा। विभाग की टीम मौके से आवश्यक नमूने लेकर जांच में जुटी हुई है।

घटना में दो से तीन भैंसों की मौत होने की सूचना है, जबकि अन्य बीमार पशुओं का इलाज जारी है। पशुपालकों का कहना है कि प्रत्येक भैंस उनके परिवार की आजीविका का प्रमुख साधन होती है। अचानक हुई इस घटना से उन्हें भारी आर्थिक नुकसान पहुंचा है। मृत भैंसों के मालिक और उनके परिजन घटनास्थल पर बिलखते रहे, जबकि यह दृश्य देखकर मौजूद ग्रामीणों की आंखें भी नम हो गईं।

ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि पुरानी गंग नहर में उगी संदिग्ध और जहरीली घास की तत्काल जांच कराई जाए तथा भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए नहर की सफाई और आवश्यक सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। साथ ही प्रभावित पशुपालकों को उचित आर्थिक सहायता और मुआवजा भी प्रदान किया जाए।

फिलहाल पशुपालन विभाग की टीम पूरे मामले की जांच कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि जांच रिपोर्ट आने के बाद ही भैंसों की मौत के वास्तविक कारणों की आधिकारिक पुष्टि की जाएगी।

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